मंगलवार, 26 अगस्त 2014

जीवन जीने का नाम है

किसी भी कार्य की सफलता उस पर की गई मेहनत पर निर्भर करती है। यह ध्यान रखना चाहिए कि सफलता कोई पेड़ पर लगने वाला फल नहीं है जिसे पेड़ पर चढ़ गए और तोड़ लिया। यह समझना चाहिए कि जीवन भगवान का दिया हुआ सबसे अमूल्य उपहार है। किसी को भी जीवन से हार मानकर नहीं बैठना चाहिए। जब एक रास्ता बंद होता है तो दूसरे हजारों रास्ते खुल जाते हैं। सफलता और असफलता तो जीवन रूपी रेल के स्टेशन हैं। जिस प्रकार गुरु द्रोण की परीक्षा में अर्जुन को सिर्फ अपना लक्ष्य मछली की आंख नजर आ रही थी, उसी प्रकार सिर्फ अपना लक्ष्य नजर आना चाहिए। जब एक रास्ता मिल जाए तो उस पर मेहनत शुरू कर देनी चाहिए। गर ईमानदारी, कड़ी मेहनत, लगन से उस दिशा में आगे बढ़ें तो उन्हें अपनी मंजिल तो मिलनी ही है। सफलता का कोई शॉर्टकर्ट रास्ता नहीं होता। सफलता की कुंजी सिर्फ कड़ी मेहनत होती है। याद रखें- - असफलता मिलने पर उसे जीवन पर हावी न होने दें। - सकारात्मता बढ़ाने के लिए अच्छी मनोरंजक व ज्ञानवर्धक पुस्तकें पढ़ें। - ऐसे लोगों से मिले जिन्होंने अपने क्षेत्र में सफलता हासिल की है। - हमेशा अपने को व्यस्त रखें क्योंकि खाली दिमान शैतान का घर होता है। - हल्का संगीत सुने, इससे नकारात्मक विचार मन में नहीं आएंगे। - परिवार के साथ समय व्यतीत करें क्योंकि इससे आपको मानसिक संबल मिलता है। - आसपास की प्रकृति को निहारें, पक्षियों का चहचहाना सुनें, क्योंकि प्रकृति जीवन से संघर्ष की शिक्षा देती।

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